राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू 31 अक्टूबर से 1 नवंबर के बीच महाराष्ट्र और हरियाणा के दौरे पर
नासिक में सिंहस्थ महाकुंभ के धार्मिक कार्यक्रमों और कुरुक्षेत्र में हरियाणा की हीरक जयंती में भाग लेंगी
लेखक कैपिटल क्रांति डेस्क, गांधीनगर · संपादक: पार्थ ठक्कर
1 नवंबर 2026, सुबह 7:38 · 3 मिनट का पाठ
यह समाचार AI ने नीचे दिए स्रोतों से लिखा है; इसका हर दावा और आँकड़ा उन स्रोतों से मिलाकर ही प्रकाशित किया गया है। हम कैसे जाँचते हैं
भारत की राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू आगामी 31 अक्टूबर और 1 नवंबर, 2026 के दौरान महाराष्ट्र और हरियाणा राज्य के दौरे पर रहेंगी। पीआईबी दिल्ली की आधिकारिक रिपोर्ट के अनुसार, राष्ट्रपति का यह दो दिवसीय दौरा महाराष्ट्र के नासिक और हरियाणा के कुरुक्षेत्र में विभिन्न महत्वपूर्ण कार्यक्रमों में भाग लेने के लिए निर्धारित किया गया है।
दौरे के पहले दिन, यानी 31 अक्टूबर को, राष्ट्रपति महाराष्ट्र के नासिक में सिंहस्थ महाकुंभ के संदर्भ में आयोजित धार्मिक अनुष्ठानों में भाग लेंगी। पीआईबी के अनुसार, वह नासिक में सिंहस्थ महाकुंभ के ध्वज स्तंभ पूजन, ध्वजा पूजन और ध्वजारोहण समारोह में गरिमामयी उपस्थिति दर्ज कराएंगी। इन धार्मिक अवसरों के दौरान, राष्ट्रपति एक सार्वजनिक कार्यक्रम को भी संबोधित करेंगी। अमर उजाला की रिपोर्ट के अनुसार, महाकुंभ से जुड़े इन धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजनों के दृष्टिकोण से उनका यह दौरा अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
इसके बाद, दौरे के दूसरे दिन यानी 1 नवंबर को, राष्ट्रपति हरियाणा राज्य के कुरुक्षेत्र में उपस्थित रहेंगी। पीआईबी के अनुसार, हरियाणा राज्य की स्थापना के 60 वर्ष पूरे होने के अवसर पर आयोजित ‘हीरक जयंती’ समारोह में वह भाग लेंगी। इसके अलावा, कुरुक्षेत्र के गुरुकुल में स्वामी श्रद्धानंद जी के बलिदान की शताब्दी की याद में आयोजित वार्षिक उत्सव में भी राष्ट्रपति गरिमामयी उपस्थिति दर्ज कराएंगी।
राष्ट्रपति के इस आगामी दौरे के विवरण के साथ, अमर उजाला ने उनके पिछले दौरों का भी उल्लेख किया है। रिपोर्ट के अनुसार, 23 अक्टूबर को राष्ट्रपति मुर्मू छत्तीसगढ़ के जगदलपुर में बस्तर दशहरा के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुई थीं। उस समय उन्होंने कहा था कि, बस्तर दशहरा छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक पहचान और लोगों की सामूहिक आस्था का प्रतीक है। उन्होंने यह भी कहा था कि इस उत्सव में पूरे समुदाय की भागीदारी इसे खास बनाती है और इसके विभिन्न रिवाज समाज के विभिन्न वर्गों के बीच आपसी जुड़ाव और भाईचारे को मजबूत करते हैं।
बस्तर दशहरा के संदर्भ में राष्ट्रपति ने आगे जोड़ा था कि, छत्तीसगढ़ लंबे समय तक नक्सलवाद की समस्या से लड़ता रहा है, लेकिन केंद्र और राज्य सरकारों के संयुक्त प्रयासों से अब इस क्षेत्र की स्थिति में सुधार हुआ है और विकास को गति मिली है। इसके साथ ही, उन्होंने आदिवासी उद्यमियों को आर्थिक मदद देने और उनके उत्पादों को बाजार के साथ जोड़ने की पहल पर भी खुशी व्यक्त की थी। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया था कि समावेशी विकास के ये प्रयास वर्ष 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य को प्राप्त करने में मददगार साबित होंगे। इसके अलावा, आदिवासी समुदायों की प्रकृति के साथ मिलकर जीवन जीने की परंपरा से सीखने और विकास के साथ पर्यावरण को सुरक्षित रखने की आवश्यकता पर भी उन्होंने जोर दिया था।
इस प्रकार, राष्ट्रपति का आगामी दौरा महाराष्ट्र में धार्मिक परंपराओं और हरियाणा में राज्य की स्थापना के जश्न एवं शताब्दी स्मरण जैसे विभिन्न महत्वपूर्ण अवसरों को कवर करता है। 31 अक्टूबर को नासिक में ध्वजारोहण और सार्वजनिक संबोधन से शुरू होने वाला यह दौरा 1 नवंबर को कुरुक्षेत्र में हरियाणा की 60वीं वर्षगांठ के जश्न और स्वामी श्रद्धानंद जी के बलिदान की शताब्दी की याद के साथ संपन्न होगा।
गया एयरपोर्ट पर 10 किलो गांजे के साथ दो महिलाएं पकड़ी गईं
थाईलैंड से आई दोनों महिलाओं से अंतरराष्ट्रीय बाजार में लगभग ₹10 करोड़ मूल्य के मादक पदार्थ जब्त किए गए हैं।
પાણીપુરી વેચનારની ૧.૨ લાખની માસિક કમાણી જાણીને આઈઆઈટીના સ્નાતકો ચોંકી ગયા
ચાર આઉટલેટ્સ ચલાવતા વેપારીની કુલ માસિક નફાની રકમ ૪.૫ લાખ રૂપિયાથી વધુ હોવાનો દાવો
सुअरों में कृत्रिम गर्भाधान के लिए सरकार ने वीर्य उत्पादन के नए मानक जारी किए
पूर्वोत्तर भारत में आनुवंशिक सुधार और पशुपालकों की आजीविका बढ़ाने के लिए नए दिशा-निर्देश जारी किए गए