सीने में दर्द की शिकायत के बाद एनसीपी (एसपी) प्रमुख शरद पवार अस्पताल में भर्ती
८५ वर्षीय दिग्गज नेता फिलहाल डॉक्टरों की देखरेख के तहत, बेटी सुप्रिया सुले ने दी स्वास्थ्य को लेकर जानकारी।
लेखक कैपिटल क्रांति डेस्क, गांधीनगर · संपादक: पार्थ ठक्कर
2 नवंबर 2026, शाम 6:40 · अपडेट रात 8:05 · 3 मिनट का पाठ
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अमर उजाला, दैनिक भास्कर और द टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्टों के मुताबिक, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) यानी एनसीपी (एसपी) के प्रमुख और वरिष्ठ राजनेता शरद पवार को सोमवार को पुणे के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। ८५ वर्षीय शरद पवार कैंसर सर्वाइवर भी हैं। उन्हें खांसी आने के बाद सांस लेते वक्त या खांसी और छींकते वक्त सीने में बढ़ते दर्द की शिकायत हुई थी, जिसके चलते उन्हें पुणे के रूबी हॉल क्लिनिक लाया गया था।
इस मामले में जानकारी देते हुए शरद पवार की बेटी, बारामती की सांसद और एनसीपी (एसपी) की कार्यकारी अध्यक्ष सुप्रिया सुले ने बताया कि उनके पिता के मेडिकल टेस्ट चल रहे हैं। सुले के मुताबिक, शरद पवार के स्वास्थ्य से जुड़े सभी पैरामीटर्स स्थिर हैं। डॉक्टरों द्वारा उनकी सामान्य स्वास्थ्य जांच की गई है और वे फिलहाल डॉक्टरों की कड़ी देखरेख के तहत हैं।
रूबी हॉल क्लिनिक के मुख्य हृदय रोग विशेषज्ञ, चेयरमैन और मैनेजिंग ट्रस्टी डॉ. पुरवेज के. ग्रांट ने बताया कि शरद पवार की हालत जल्द सामान्य होने की पूरी उम्मीद है। उन्होंने स्पष्ट किया कि एहतियात के तौर पर शरद पवार को अस्पताल में ही निरीक्षण के तहत रखा जाएगा और वे फिलहाल अस्पताल में ही रहेंगे। डॉक्टरों के मुताबिक, अगर ऑक्सीजन और हार्ट रेट सामान्य हो तो यह कोई इमरजेंसी नहीं होती, लेकिन एंटीबायोटिक्स, दर्द की दवाओं और उचित आराम से ३ से ५ दिन में स्थिति सुधर जाती है।
रिपोर्टों में बताया गया है कि शरद पवार को हुई इस समस्या को 'प्ल्युरिटिक पेन' या 'प्ल्युरिसी' कहा जाता है। यह सीने में होने वाला ऐसा दर्द है जो आमतौर पर सांस लेते वक्त, खांसी खाते वक्त या छींकते वक्त बढ़ जाता है। यह दर्द फेफड़ों की बाहरी झिल्ली में होता है। हमारे फेफड़ों के आसपास दो पतली झिल्लियां होती हैं जिन्हें प्ल्यूरा कहा जाता है। इन दोनों झिल्लियों के बीच थोड़ा लुब्रिकेंट फ्लूइड होता है, जिससे सांस लेते वक्त फेफड़े आसानी से फूल और पिचक सकते हैं।
जब इन झिल्लियों में सूजन, इंफेक्शन आ जाता है या फ्लूइड भर जाता है, तब सांस लेते, खांसी खाते या छींकते वक्त दोनों झिल्लियां एक-दूसरे के साथ रगड़ खाती हैं। इसी घर्षण के कारण सीने में तीक्ष्ण और चुभने वाला दर्द होता है। डॉक्टरों की सलाह और देखरेख के तहत शरद पवार का इलाज फिलहाल पुणे के अस्पताल में चल रहा है और उनकी तबीयत पर लगातार नजर रखी जा रही है।
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