अहमदाबाद नगर निगम सोलर पैनल के बिना BU परमिशन न देने पर विचार कर रहा है
नई इमारतों में सोलर पैनल अनिवार्य करने और शहर को सोलर सिटी बनाने के लिए यह पहल की गई है
लेखक कैपिटल क्रांति डेस्क, गांधीनगर · संपादक: पार्थ ठक्कर
6 नवंबर 2026, सुबह 5:56 · 1 मिनट का पाठ
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अहमदाबाद को ऊर्जा क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने और स्वच्छ एवं हरित ऊर्जा का प्रसार करने के लिए अहमदाबाद नगर निगम द्वारा महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं। टीवी9 गुजराती की रिपोर्ट के अनुसार, निगम की नई बनने वाली इमारतों में सोलर पैनल लगाना अनिवार्य कर दिया गया है। इसके अलावा, "नो सोलर, नो BU परमिशन" नीति का प्रस्ताव है, जिसके लागू होने पर सोलर पैनल के बिना बिल्डिंग यूज़ (BU) परमिशन प्राप्त करने में कठिनाई हो सकती है। आने वाले समय में अन्य सरकारी भवनों के लिए भी इस सुविधा को अनिवार्य करने की तैयारियां चल रही हैं।
शहर की धार्मिक संस्थाओं और एएमसी (AMC) की इमारतों पर सोलर पैनल लगाने के काम में तेजी लाई गई है। अब तक 345 धार्मिक संस्थाओं से आवेदन प्राप्त हुए थे, जिनमें से 200 संस्थाओं में पैनल स्थापित किए जा चुके हैं और शेष 145 संस्थाओं की प्रक्रिया जारी है। ऑडिटेड ट्रस्ट के कागजातों के आधार पर और आवश्यकतानुसार यह सुविधा प्रदान की जाएगी।
अहमदाबाद नगर निगम की स्थापना जुलाई 1950 में बॉम्बे प्रोविंशियल कॉर्पोरेशन एक्ट (1949) के तहत की गई थी। यह संस्था अहमदाबाद शहर के नागरिक बुनियादी ढांचे और प्रशासन के लिए जिम्मेदार थी।
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