TCS और SASTRA यूनिवर्सिटी के बीच जापानी भाषा और बिजनेस कौशल के लिए समझौता
तमिलनाडु के तंजावुर में जापान टेक्नोलॉजी सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना
लेखक कैपिटल क्रांति डेस्क, गांधीनगर · संपादक: पार्थ ठक्कर
6 नवंबर 2026, शाम 6:42 · अपडेट शाम 6:54 · 3 मिनट का पाठ
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आईटी सेवाओं, कंसल्टिंग और बिजनेस सॉल्यूशंस में वैश्विक अग्रणी कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) और तमिलनाडु के तंजावुर स्थित SASTRA यूनिवर्सिटी ने एक महत्वपूर्ण साझेदारी की है। दोनों संस्थानों ने मिलकर SASTRA यूनिवर्सिटी में 'TCS-SASTRA जापान टेक्नोलॉजी सेंटर ऑफ एक्सीलेंस' (CoE) लॉन्च किया है। इस केंद्र का मुख्य उद्देश्य छात्रों को जापान-केंद्रित तकनीकी भूमिकाओं के लिए तैयार करना और प्रतिभाशाली युवाओं की एक निरंतर पाइपलाइन तैयार करना है।
बिजनेसलाइन की रिपोर्ट के अनुसार, इस केंद्र का उद्घाटन TCS के मुख्य कार्यकारी अधिकारी और प्रबंध निदेशक के. कृथिवसन और SASTRA के कुलपति डॉ. एस. वैद्यसुब्रमण्यम की उपस्थिति में किया गया। इस केंद्र की स्थापना TCS और SASTRA यूनिवर्सिटी के बीच हुए एक समझौता ज्ञापन (MoU) के हिस्से के रूप में की गई है। इस समझौते का उद्देश्य छात्रों को ऐसी तकनीक, भाषा और बिजनेस कौशल से लैस करना है जो जापान के बाजार के लिए प्रासंगिक हों।
यह सेंटर ऑफ एक्सीलेंस SASTRA यूनिवर्सिटी की शैक्षणिक उत्कृष्टता और जापानी भाषा की क्षमताओं को TCS की तकनीक, डोमेन और उद्योग विशेषज्ञता के साथ जोड़ता है। इससे छात्रों को उद्योग विशेषज्ञों के साथ जुड़ने का अवसर मिलेगा और वे वास्तविक दुनिया के प्रॉब्लम स्टेटमेंट्स और प्रोजेक्ट्स पर काम कर सकेंगे। इस केंद्र के माध्यम से छात्रों को जापानी भाषा और सांस्कृतिक दक्षता में प्रशिक्षण दिया जाएगा, ताकि वे जापान के कार्य वातावरण में आसानी से ढल सकें।
TCS के CEO और MD के. कृथिवसन ने एक बयान में कहा, “जापान का आईटी सेवाओं का बाजार लगातार बढ़ रहा है। यह भारतीय प्रतिभाओं के लिए जापान की तकनीकी विकास गाथा में भाग लेने का एक स्पष्ट अवसर है। SASTRA के साथ हमारी यह साझेदारी उस दिशा में एक कदम है। हमें विश्वास है कि यह CoE ऐसे पेशेवरों को तैयार करने में मदद करेगा जो Gen AI, Python, Playwright और Pega के साथ-साथ जापानी भाषा में भी समान रूप से कुशल होंगे, ताकि इस महत्वपूर्ण बाजार की जरूरतों को पूरा किया जा सके।”
दूसरी ओर, SASTRA के कुलपति डॉ. एस. वैद्यसुब्रमण्यम ने कहा, “यह इंडो-जापान CoE भारत और जापान के बीच राजनयिक संबंधों के अनुरूप है, जो 2027 में अपने 75वें वर्ष में प्रवेश करेगा। द्विभाषी टेक स्नातकों को तैयार करने में SASTRA का योगदान द्विपक्षीय व्यापार और वाणिज्य को बढ़ावा देने में बहुत सहायक होगा। SASTRA और TCS इस महत्वपूर्ण कौशल में मौजूद वर्तमान कमी को दूर करने का आश्वासन देते हैं।”
इस केंद्र के तहत छात्रों को न केवल भाषा, बल्कि बहुविषयक तकनीकी प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। इसमें Java, Mainframe, .NET, Cloud, Google Cloud Platform, GenAI, Python, Playwright और Pega जैसे विषय शामिल हैं। इसके अलावा, छात्रों को लाइव प्रोजेक्ट्स, TCS के विषय विशेषज्ञों द्वारा मेंटरिंग और TCS के जापान ऑपरेशंस के साथ सीधे जुड़ने का अवसर मिलेगा।
बिजनेसलाइन की रिपोर्ट के अनुसार, TCS ने AI, साइबर सुरक्षा, IoT और डेटा सहित क्षेत्रों में प्राथमिकता रखने वाले संस्थानों में आठ सेंटर्स ऑफ एक्सीलेंस औपचारिक रूप से स्थापित किए हैं। इस पहल के माध्यम से TCS उद्योग की विशेषज्ञता को क्लासरूम के करीब ला रहा है, ताकि छात्र वास्तविक चुनौतियों और आधुनिक तकनीक के साथ सीधे जुड़ सकें।
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