भिवानी के जयंत गोयत का भारतीय टीम के लिए खेलने का सपना
पिता कपिल देव के साथ खेल चुके हैं, अब बेटा सर्विसेज के लिए पहला पांच विकेट हॉल लेकर चर्चा में
लेखक कैपिटल क्रांति डेस्क, गांधीनगर · संपादक: पार्थ ठक्कर
5 नवंबर 2026, दोपहर 2:37 · 3 मिनट का पाठ
यह समाचार AI ने नीचे दिए स्रोतों से लिखा है; इसका हर दावा और आँकड़ा उन स्रोतों से मिलाकर ही प्रकाशित किया गया है। हम कैसे जाँचते हैं
सर्विसेज के 21 वर्षीय तेज गेंदबाज जयंत गोयत ने अपने 12वें फर्स्ट क्लास मैच में पहली बार पांच विकेट लेकर भारतीय टीम में खेलने के अपने सपने को और मजबूत किया है। दिल्ली के पालम स्थित एयरफोर्स कॉम्प्लेक्स ग्राउंड पर खेले गए मैच में जयंत ने दिल्ली के निचले क्रम के बल्लेबाजों को जल्दी आउट करके 23.4-4-65-5 के आंकड़ों के साथ शानदार प्रदर्शन किया। स्पोर्टस्टार की रिपोर्ट के अनुसार, जयंत ने बताया कि पालम की पिच धीमी और सपाट होने के बावजूद उन्होंने अतिरिक्त प्रयास किया और उन्हें इसका परिणाम मिला। वह स्वाभाविक रूप से बैक-ऑफ-अ-लेंथ गेंदबाजी करना पसंद करते हैं।
भिवानी के निवासी जयंत गोयत एक सीम-बॉलिंग ऑलराउंडर हैं और उनकी लंबाई 6 फीट 4 इंच है। भारतीय वायुसेना में अग्निपथ योजना के तहत शामिल हुए जयंत ने स्वीकार किया कि वह जैक कालिस के प्रशंसक हैं और अब वह गेंदबाजी को अपनी मजबूती मानते हैं। हालांकि, दो साल पहले तक वह बल्लेबाजी पर अधिक ध्यान देते थे। 2024 में भारत की अंडर-19 वर्ल्ड कप टीम के लिए चयन प्रक्रिया के दौरान वह बल्लेबाजी के प्रदर्शन के कारण चर्चा में थे, जिसमें उन्होंने अंडर-19 चैलेंजर सीरीज के क्वार्टर फाइनल में शतक भी जड़ा था।
जयंत के जीवन में एक ऐसा समय भी आया था जब उन्होंने क्रिकेट छोड़ने का फैसला कर लिया था। हरियाणा में एक जिला स्तरीय टूर्नामेंट के दौरान लगातार 3-4 मैचों में खराब प्रदर्शन के कारण वह निराश हो गए थे। उस समय उनके पिता डॉ. वजीर सिंह गोयत ने उन्हें प्रोत्साहित करके खेल जारी रखने के लिए मनाया था। जयंत ने याद करते हुए बताया कि उनके पिता ने उन्हें पसंदीदा भोजन खिलाकर और प्रोत्साहन देकर उस कठिन समय से बाहर निकलने में मदद की थी। जयंत ने बताया कि उनके पिता ने उन्हें कभी क्रिकेट खेलने के लिए दबाव नहीं डाला, लेकिन वह हमेशा से क्रिकेट खेलना चाहते थे।
द टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, जयंत के पिता डॉ. वजीर सिंह गोयत खुद अतीत में क्रिकेटर रह चुके हैं। वे हरियाणा की रणजी ट्रॉफी टीम का हिस्सा थे और उन्होंने दिग्गज खिलाड़ी कपिल देव के अंतिम सीजन के दौरान उनके साथ ड्रेसिंग रूम साझा किया था। पिता का यह अनुभव जयंत के लिए मार्गदर्शक साबित हुआ है। भिवानी शहर आमतौर पर बॉक्सिंग में मेडल जीतने के लिए जाना जाता है, लेकिन जयंत ने वहां से आगे बढ़कर क्रिकेट में अपनी अलग पहचान बनाई है।
जयंत गोयत एक युवा सीम-बॉलिंग ऑलराउंडर हैं, जिन्होंने अंडर-19 स्तर पर भारत का प्रतिनिधित्व करने की तैयारियां की थीं। वह वर्तमान में सर्विसेज टीम के लिए खेल रहे हैं और अग्निपथ योजना के तहत भारतीय वायुसेना में सेवा दे रहे हैं। उनके पिता डॉ. वजीर सिंह गोयत अतीत में हरियाणा की रणजी टीम के लिए खेल चुके हैं, जिसने जयंत को करियर के शुरुआती चरण में महत्वपूर्ण मार्गदर्शन प्रदान किया था।
विशेष शिक्षक पात्रता परीक्षा 2026 की प्रोविजनल उत्तर कुंजी जारी, 12 नवंबर तक करें आपत्ति दर्ज
अमर उजाला की रिपोर्ट के अनुसार, उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग द्वारा विशेष शिक्षक पात्रता परीक्षा 2026 की अनंतिम उत्तर कुंजी जारी कर दी गई है जिसमें उम्मीदवार 12 नवंबर तक ऑनलाइन आपत्ति दर्ज करा सकेंगे।
पुराने कप में पेय परोसने के लिए बेंगलुरु में पीवीआर आइनॉक्स का काउंटर सील
ग्राहकों की शिकायत और वायरल वीडियो के बाद स्वास्थ्य विभाग ने की कार्रवाई।
रुख बदलकर सरकार द्वारा कल्याणकारी योजनाओं के लिए आधार कार्ड के बजाय वोटर आईडी जोड़े जाने पर विवाद
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने सरकार के इस कदम को 'मत चोरी नहीं, बल्कि अधिकारों की चोरी' करार दिया।